आज रवींद्र नाथाचे हे एक बाउल गीत ऐकुया… আমি কান পেতে রই ও আমার আপন হৃদয়গহন-দ্বারে বারে বারেকোন্ গোপনবাসীর কান্নাহাসির গোপন কথা…
आज रवींद्र नाथानी रचलेले एक प्रेम गीत ऐकुया…ह्या गीतात एक प्रेमिका आपल्या प्रेमीची वाट पाहत आहे आणि तिला खात्री आहे…
आज रवींद्र नाथाच्या गीतांजली काव्य संग्रहातील एक पूजा परजाईर गीत ऐकुया.. তব সিংহাসনের আসন হতে এলে তুমি নেমে–মোর বিজন ঘরের…
आज हे आणखी एक पूजा परजाईर बाउल गीत ऐकुया..हे गीत आहे रवींद्र नाथाच्या गीतांजली काव्य संग्रहातील… ह्या कवितेत रवींद्रनाथ परमेश्वराला…
नूतन वर्षाभिनंदन… नवीन वर्षात आपणा सर्वांचे स्वागत…ह्या वर्षाची सुरुवात एका बाउल गाण्याने करूया… ভেঙে মোর ঘরের চাবি নিয়ে যাবি কে আমারে …




