प्रेम ए शे छिलो …

हे आणखी एक छोटेसे प्रेम गीत ऐकुया…

প্রেম এসেছিল নিঃশব্দচরণে।
তাই   স্বপ্ন মনে হল তারে–
       দিই নি তাহারে আসন।
বিদায়  নিল যবে, শব্দ পেয়ে   গেনু ধেয়ে।
     সে তখন স্বপ্ন কায়াবিহীন
        নিশীথতিমিরে বিলীন–
     দূরপথে দীপশিখা   রক্তিম মরীচিকা॥

हे गाणे मराठीत….

प्रेम ए शे छिलो निशब्द चरणे …

(प्रेम आले होते..अगदी निशब्द पणे..)

ताई स्वप्न मने हॉलो तारे —

(त्यामुळे वाटले जणू एक स्वप्नच...)

दि इ नि ता हा रे आसन …

(त्यावेळी नाही दिले त्याला काही महत्व…)

बिदाय निलो जबे, शब्द पेये गेनू धेये …

(पण ज्यावेळी ती निघून गेली…मी धावून गेलो…)

शे तो खो न स्वप्न काया विहीन

(पण त्यावेळी ती एक अशरिरी स्वप्न...)

निशिथतिमिरें विलीन —

(हरवून गेलेली रात्रीच्या काळोखात…)

दूर पंथे दीपशिखा रक्तिम मरीचिका…

(जणू दूरवर एक ज्योती..एक लालबुंद मृगजळ...)

ह्या गाण्याचा मरिआन चट्टेर्जी ह्यांनी केलेला इंग्लिश अनुवाद…

LOVE came on silent footsteps.
   So I felt it was a dream
   And did not give it a place in my heart.
   When she left I heard a sound and pursued her.
   By then she became a formless dream
   Vanishing into the dark night.
   On the faraway road, the flame of her lamp is a blood red mirage.  

     –Marian Chatterjee, unpublished manuscript, Feb 2016  

हे गाणे ऐकुया सागर सेन ह्याच्या आवाजात…

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.